Uttarakhand: बरगी बांध हादसा: तूफान बना काल, 9 की मौत, कई अब भी लापता!

Uk positive news: जबलपुर के बरगी बांध में क्रूज पलटने की घटना ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। गुरुवार को हुई इस घटना में अब तक नौ लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि आठ लोग अभी लापता हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन में 18 लोगों को बचाया जा चुका है।

जबलपुर के बरगी बांध हादसे की एक दर्दनाक तस्वीर भी सामने आई है, जिसने अनुभवी बचाव कर्मियों को भी भावुक कर दिया। अर्धसैनिक बल की गोताखोर टीम को एक महिला का शव मिला। यह महिला उस क्रूज पर सवार थी। महिला का शव इस हालत में मिला कि वह अपने बच्चे को कसकर पकड़े हुई थी।

आगरा स्थित इस गोताखोर टीम ने डूबे हुए जहाज के अंदर की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों का वर्णन किया। वहां जगह बहुत कम थी और लोहे की नुकीली छड़ें मौजूद थीं, जिसके कारण बचाव कर्मियों को हथौड़ों का इस्तेमाल करके संकरे रास्ते बनाने पड़े। इस दौरान एक गोताखोर तो लगभग फंस ही गया था।

एक गोताखोर ने बताया, “शुरुआत में हमें मलबे से एक महिला का शव निकालने में मुश्किल हुई। फिर हमने देखा कि उसने अपने बच्चे को कसकर पकड़ रखा था और उन्हें अलग करना मुश्किल था। हमारी टीम इस दृश्य को देखकर बहुत भावुक हो गई।”

उन्होंने कहा कि हालात बेहद चुनौतीपूर्ण थे, जहां सीमित जगह, टूटी-फूटी संरचनाएं और कम दृश्यता बचाव अभियान में बाधा डाल रहे थे। आगरा से आई रेस्क्यू टीम के एक और सदस्य ने कहा कि अंदर विजिबिलिटी बहुत कम थी और टीम को बार-बार टूटे हुए स्ट्रक्चर और लोहे की रॉड मिलीं, जिनसे उनका सामान फंस गया।

उन्होंने कहा कि कुछ जगहों पर टीम को सर्च करने के लिए पतली जगहों से होकर निकलना पड़ा और एक जगह तो एक गोताखोर फंस गया और उसे बचाना पड़ा। रेस्क्यू करने वालों के मुताबिक, ऑपरेशन खतरनाक हो गया था क्योंकि नाव का स्ट्रक्चर दोनों तरफ से पूरी तरह से टूट गया था और अंदर की ग्रिल की वजह से रास्ते पतले हो गए थे।

इन मुश्किलों के बावजूद पैरामिलिट्री टीम ने अब तक गहराई से पांच शव निकाले हैं, जिनमें एक बच्चा और चार बड़े शामिल हैं।अधिकारियों ने बताया कि गुरुवार शाम को अचानक आए तूफान के बाद जबलपुर जिले के बरगी बांध में एक क्रूज पलटने और डूबने से अब तक नौ लोगों की मौत हो चुकी है।

ADVERTISEMENTSAd